युगो युग तक सलामत रहे भाई बहिनके प्यार ।
छोटके आशिर्वाद बा , बढके बा प्रणाम ।।
होको पूरा सब भाई बहिनके मनकामना ।
ईहे बा रक्षा बन्धनके सब केहुके शुभकामना ।।
दुनियाँमे सबसे बडा होला ई राखीके डोर ।
सभे मगन रहेला भाईबहिनके प्यारमे चारूओर।।
गंगाके पानी जस ई नाता जुडल बा कोरे-कोर ।
अन्हारोमे रहेली हमेसा बनके दियाके अजोर ।।
होली बहिन भाई खातिर अनमोल उपहार ।
जेकरे बिना रहेला ई सुना-सुना आंगन द्वार ।।
कुछ ना बा जेकरा प्यार आगे हिरामोतीके मोल ।
दुख सुखमे रहेली हमेशा बनके,किताव जस खोल ।।
माई जिन्दगीके सांस हई त बहिन आंखके तारा ।
जुडल बा ई विश्वासके बन्धन,जेके पुजे जग सारा ।।
हई बहिन आंगनके तुलसी , भाईके जिएके आधार ।
दुर रहके भी होला ना कम भाई बहिनके प्यार ।।
होला जेकरा बिना ई जग सारा अधुरा ।
एगो बहिन काफिर रहेली करे खातिर पूरा ।।
तोरलासे भी टुटे ना ई संसारके पवित्र रिश्ता ।
जेकरा खुशी खातिर हमेशा भाई बनके रहेले फरिश्ता ।।

✍️ नन्दकिशोर साह







